नई दिल्ली, 19 जुलाई (आईएएनएस): भारत के उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने रविवार को नई दिल्ली स्थित उपराष्ट्रपति भवन में ज़ांज़ीबार के राष्ट्रपति एवं रिवोल्यूशनरी काउंसिल के अध्यक्ष डॉ. हुसैन अली म्विनी से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने व्यापार, निवेश, विकास साझेदारी, पर्यटन, ब्लू इकोनॉमी, शिक्षा, प्रौद्योगिकी तथा बहुपक्षीय सहयोग को और मजबूत बनाने के उपायों पर विस्तृत चर्चा की।
बैठक के बाद उपराष्ट्रपति कार्यालय ने बताया कि दोनों नेताओं ने भारत-तंजानिया साझेदारी और ज़ांज़ीबार के साथ भारत के विशेष संबंधों को और सुदृढ़ बनाने पर सहमति जताई। यह संबंध सदियों पुराने समुद्री संपर्क, सांस्कृतिक जुड़ाव और लोगों के बीच मजबूत रिश्तों पर आधारित हैं।
उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन ने तंजानिया और ज़ांज़ीबार के साथ विकासात्मक साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए भारत की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाकर दोनों देश साझा विकास लक्ष्यों को प्राप्त करने की दिशा में मिलकर काम करेंगे।
बैठक के दौरान राष्ट्रपति म्विनी ने चेन्नई स्थित आईआईटी मद्रास की अपनी यात्रा का अनुभव साझा किया और आईआईटी मद्रास–ज़ांज़ीबार परिसर की स्थापना में भारत के सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने जल आपूर्ति परियोजनाओं, भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद (आईसीसीआर) की छात्रवृत्तियों तथा भारतीय तकनीकी एवं आर्थिक सहयोग (आईटीईसी) प्रशिक्षण कार्यक्रमों में भारत की सहायता की भी सराहना की।
इस बैठक में विदेश मंत्रालय के आर्थिक संबंध विभाग के सचिव सुधाकर दलेला सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
इससे पहले रविवार को विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने भी डॉ. म्विनी से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने उच्च शिक्षा, कौशल विकास, स्वास्थ्य, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), डिजिटल प्रौद्योगिकी और जल आपूर्ति सहित कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग के विस्तार पर चर्चा की।
उल्लेखनीय है कि उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन के निमंत्रण पर राष्ट्रपति हुसैन अली म्विनी इन दिनों भारत की यात्रा पर हैं। इससे पहले उन्होंने चेन्नई में आईआईटी मद्रास के 63वें दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया था। उनकी यह यात्रा भारत-तंजानिया संबंधों को और गहरा करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
