आईसीसी चुनाव में बड़ा उलटफेर, बोर्ड की सीट हार गए इमरान ख्वाजा

एडिनबरा, 8 जुलाई (आईएएनएस): अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट प्रशासन में एक बड़ा बदलाव देखने को मिला है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) की वार्षिक बैठक में हुए एसोसिएट सदस्य निदेशक चुनाव में लंबे समय से डिप्टी चेयरमैन रहे इमरान ख्वाजा को अप्रत्याशित हार का सामना करना पड़ा।

चुनाव में फ्रांस के गुरुमूर्ति पलानी ने सर्वाधिक 35 वोट हासिल कर पहला स्थान प्राप्त किया। संयुक्त अरब अमीरात के मुबाश्शिर उस्मानी और नामीबिया के डॉ. रूडी वान वूरेन को 26-26 वोट मिले और दोनों 17 सदस्यीय आईसीसी बोर्ड के लिए निर्वाचित हुए। वहीं, सिंगापुर के अनुभवी क्रिकेट प्रशासक इमरान ख्वाजा 23 वोट के साथ चौथे स्थान पर रहे। मलेशिया के महिंदा वल्लीपुरम को 19 वोट मिले।

आईसीसी ने बताया कि निर्वाचित तीनों निदेशक अगले दो वर्षों तक बोर्ड में अपनी जिम्मेदारियां निभाएंगे। पलानी और वान वूरेन पहली बार आईसीसी बोर्ड में पहुंचे हैं, जबकि उस्मानी ने अपना स्थान बरकरार रखा है।

गुरुमूर्ति पलानी के बोर्ड में चुने जाने के बाद प्रशासनिक स्तर पर भी बदलाव होगा। आईसीसी के अनुसार, वह एक साथ चीफ एग्जीक्यूटिव्स कमेटी और बोर्ड—दोनों में सदस्य नहीं रह सकते। ऐसे में चीफ एग्जीक्यूटिव्स कमेटी के लिए नए चुनाव कराए जाएंगे।

आईसीसी के चेयरमैन जय शाह ने नवनिर्वाचित सदस्यों को बधाई देते हुए कहा, “गुरुमूर्ति पलानी, मुबाश्शिर उस्मानी और डॉ. रूडी वान वूरेन को आईसीसी बोर्ड में एसोसिएट सदस्य निदेशक चुने जाने पर हार्दिक बधाई। दुनिया भर में क्रिकेट के विस्तार में एसोसिएट सदस्य देशों की महत्वपूर्ण भूमिका है।”

उन्होंने विदाई ले रहे इमरान ख्वाजा और महिंदा वल्लीपुरम के योगदान की भी सराहना करते हुए कहा कि एसोसिएट क्रिकेट और वैश्विक क्रिकेट के विकास में उनकी सेवाएं अत्यंत महत्वपूर्ण रही हैं।

पेशे से वकील इमरान ख्वाजा की यह हार अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट प्रशासन में एक युग के अंत के रूप में देखी जा रही है। उन्होंने 2020 में अंतरिम आईसीसी चेयरमैन के रूप में भी कार्य किया था और एन. श्रीनिवासन, ग्रेग बार्कले तथा जय शाह के कार्यकाल में डिप्टी चेयरमैन की जिम्मेदारी निभाई थी।

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) और पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) के बीच कई महत्वपूर्ण समझौतों में उनकी भूमिका उल्लेखनीय रही है। 2026 महिला टी20 विश्व कप फाइनल में ऑस्ट्रेलिया की जीत के बाद एडिनबरा में आईसीसी की चार दिवसीय वार्षिक बैठक शुरू हुई।

गौरतलब है कि आईसीसी के 45 एसोसिएट सदस्य देशों में से यूएसए क्रिकेट और क्रिकेट कनाडा के निलंबित होने के कारण 43 सदस्य देशों ने मतदान में हिस्सा लिया। प्रत्येक सदस्य के पास तीन-तीन वोट थे, जिससे कुल 129 वोट डाले गए। इमरान ख्वाजा के बोर्ड से बाहर होने के बाद अब आईसीसी को नए डिप्टी चेयरमैन का भी चुनाव करना होगा।

Leave a Reply