नई दिल्ली, 02 फरवरी (हि.स.)। पाकिस्तान से बुधवार को प्रकाशित अधिकांश समाचार पत्रों ने पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के वकीलों के जरिए लाहौर हाई कोर्ट में उनकी ताजा मेडिकल रिपोर्ट जमा कराने की खबरें प्रमुखता से प्रकाशित की हैं। अखबारों ने लिखा है कि मेडिकल रिपोर्ट में डॉक्टरों ने उनके सफर करने पर पाबंदी लगा दी है। डाक्टरों ने कहा है कि अगर बिना इलाज नवाज शरीफ को लंदन से पाकिस्तान भेजा गया तो उनकी जान को खतरा है।
पाकिस्तान के सूचना प्रसारण मंत्री फव्वाद चौधरी ने इस रिपोर्ट पर एतराज जताते हुए कहा है कि अमेरिका में बैठा हुआ डॉक्टर लंदन के मरीज के बारे में कैसे फैसला ले सकता है। उन्होंने अदालत से इस मामले में नोटिस लेने की अपील की है। अखबारों ने प्रधानमंत्री इमरान खान का एक बयान भी छपा है जिसमें उन्होंने कहा है कि एक भगोड़े अपराधी के मामले में सुप्रीम कोर्ट बार काउंसिल अदालत में हिमायत कर रहा है। अखबारों ने अफगानिस्तान से विदेशी नागरिकों को बाहर जाने के लिए कतर से समझौता किए जाने की खबरें भी दी है। अखबारों ने सऊदी अरब सुप्रीम काउंसिल शूरा के जरिए सऊदी अरब के झंडे और उसके राष्ट्रीय गीत में परिवर्तन किए जाने के फैसले को मंजूरी दिए जाने की खबरें भी दी हैं।
अखबारों ने यूटिलिटी स्टोर पर घी, डालें व अन्य वस्तुओं के दामों में वृद्धि किए जाने की खबरें प्रमुखता से छापी हैं।अखबारों ने सेना अध्यक्ष जनरल कमर बाजवा के जरिए तुर्कमेनिस्तान के उप रक्षा मंत्री से मुलाकात किए जाने की खबरें प्रमुखता से छापी हैं। अखबारों ने सेनाध्यक्ष के जरिए कैनेडियन हाई कमिश्नर से भी मुलाकात की खबरें दी है।अखबारों ने पाकिस्तान के वित्तमंत्री शौकत तरीन का एक बयान छापा जिसमें उन्होंने कहा है कि पाकिस्तान में महंगाई क्षेत्र के अन्य देशों की तुलना में काफी कम है।
अखबारों ने गृहमंत्री शेख रशीद सीनेट में विपक्ष के नेता यूसुफ रजा गिलानी के बीच जबानी युद्ध छेड़ने की खबरें भी प्रमुखता से छापी हैं। अखबारों ने लिखा है कि गृहमंत्री ने कहा है कि विपक्ष बिका हुआ है। गिलानी ने कहा है कि गृहमंत्री इतना गिर सकते हैं यह मैं नहीं सोच सकता था।
अखबारों ने पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी के लीडर बिलावल भुट्टो का भी एक बयान छापा है जिसमें उन्होंने कहा है कि लांग मार्च कामयाब होगा या नहीं होगा इसके बारे में मैं कुछ नहीं कह सकता हूं लेकिन हमारे प्रयास इमरान खान सरकार को सत्ता से हटाने के लिए जारी हैं। यह सभी खबरें रोजनामा दुनिया, रोजनामा खबरें, रोजनामा औसाफ, रोजनामा पाकिस्तान, रोजनामा एक्सप्रेस, रोजनामा नवा ए वक्त और रोजनामा जंग ने अपने पहले पन्ने पर छापी हैं।
रोजनामा खबरें ने एक खबर दी है जिसमें यह हेडिंग लगाई गई है कि आईना दिखाया गया तो बुरा मान गए। मोदी सरकार ने मलयालम टीवी चैनल पर पाबंदी लगा लगाई। अखबार ने बताया है कि सूचना प्रसारण मंत्रालय ने मलयालम भाषा के प्रसिद्ध चैनल मीडिया वन पर पाबंदी लगा दी है।अखबार ने बताया है कि लाइसेंस का नवीनीकरण नहीं किया जा रहा है। अखबार ने बताया है कि मलयालम टीवी चैनल के जरिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और उनकी सरकार को लगातार निशाना बनाया जा रहा था।
रोजनामा दुनिया ने एक खबर दी है जिसमें बताया गया है कि पाकिस्तान के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस गुलजार अहमद आज रिटायर हो रहे हैं और उनकी जगह पर जस्टिस आता बंदयाल आज चीफ जस्टिस ऑफ पाकिस्तान का ओहदा संभाल रहे हैं। अखबार ने बताया है कि जस्टिस गुलजार अहमद के जरिए दिए गए फैसलों को हमेशा याद रखा जाएगा। उन्होंने हमेशा बिना किसी भेद भाव के फैसले दिए हैं। सरकार और सरकारी अधिकारियों को भी निशाना बनाया है और उन्हें कानून का पाबंद बनाया है। अखबार का कहना है कि अपने पद पर रहते हुए उन्होंने कई ऐसे फैसले दिए हैं जो हमेशा याद रखे जाएंगे।
