लखनऊ, 11 नवम्बर (हि.स.)। केन्द्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री प्रतिमा भौमिक की अध्यक्षता में समाज कल्याण एवं दिव्यांगजन कल्याण से संबंधित योजनाओं की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की गई। इसमें प्रमुख रूप से समाज कल्याण विभाग के राज्यमंत्री (स्वंतत्र प्रभार) असीम अरुण, राज्य मंत्री एवं प्रमुख सचिव समाज कल्याण डॉ. हरिओम समेत अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
इस बैठक में उत्तर प्रदेश में भारत सरकार के वित्तीय सहयोग से संचालित योजनाओं की जानकारी प्राप्त करते हुए अद्यतन प्रगति की समीक्षा की गई। साथ ही राज्य स्तर पर योजनाओं के क्रियान्वयन में आ रही समस्याओं एवं सुझावों के संबंध में विचार विमर्श किया गया।
समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित छात्रवृत्ति, पेंशन, अत्याचार उत्पीड़न में आर्थिक सहायता, नशा मुक्त भारत अभियान, अनुसूचित जनजाति के बच्चों की शिक्षा के लिए आश्रम पद्धति विद्यालय, अनुसूचित जाति छात्रावास इत्यादि योजनाओं की जानकारी प्रदान की गई।
समाज कल्याण विभाग के अनुसूचित जाति छात्रावासों की मरम्मत के लिए प्रस्ताव पर केन्द्रीय योजना के तहत पांच लाख रुपये बढ़ाए जाने पर सहमित प्रदान की गयी। अत्याचार उत्पीड़न योजना के तहत योजनाधिकारी ने बताया कि भारत सरकार से 100 करोड़ की धनराशि प्राप्त होना अपेक्षित है। यह राशि समय से प्राप्त होने की स्थिति में उत्पीड़ित व्यक्तियों को समय से सहायता उपलब्ध कराई जा सकेगी।
राज्यमंत्री कु. प्रतिमा भौमिक ने बताया कि भारत सरकार के पास पर्याप्त धनराशि उपलब्ध है। बजट की कमी नहीं होगी। इसी प्रकार नशा मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत चिन्हित 38 जनपदों को 10- 10 लाख की धनराशि प्रदान की गई है। इसका स्टेट एक्शन प्लान बनाकर बेहतर प्रयोग किया जाए।
राज्य मंत्री द्वारा पीएम आदर्श ग्राम योजना में कम्युनिटी सेंटर बनवाए जाने के लिए 25 लाख प्रदान किए जाने एवं अनुसूचित जाति के व्यक्तियों के लिए सिंचाई,रोजगार इत्यादि के लिए लोन एवं अनुसूचित जाति के मेधावी विद्यार्थियों के विदेश में पढ़ाई के लिए नेशनल ओवरसीज स्कॉलरशिप योजना के संबंध में भी जानकारी प्रदान की गई। इसमें विदेश में रहने, पढ़ने, इत्यादि समस्त व्यय भारत सरकार द्वारा वहन किए जाते हैं।
दिव्यांग कल्याण की यूडीआईडी, जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र, सुगम्य भारत अभियान इत्यादि के संचालन की समीक्षा की गई एवं समस्त प्रस्तावों पर समयान्तर्गत धनराशि उपलब्ध कराए जाने का आश्वासन दिया गया। साथ ही एडिप योजना के अंतर्गत समस्त जनपदों में परीक्षण शिविर आयोजित कर चिन्हित करने के निर्देश दिए जिससे दिव्यांगजनों को उपयोगी उपकरण मोटराइज्ड ट्राई साइकिल, श्रवण यंत्र इत्यादि निःशुल्क उपलब्ध कराए जा सकें।
